Sunday, August 23, 2020

धोनी-रोहित के फैन्स में मारपीट, सहवाग नाराज, बोले- क्या करते हो पागलों August 22, 2020 at 10:02PM

नई दिल्ली टीम इंडिया के पूर्व विस्फोटक ओपनिंग बल्लेबाज (Virender Sehwag) दो दिग्गज खिलाड़ियों के फैन्स से खासे नाराज हैं। इन फैन्स की हरकतों की बात सुनकर सहवाग ने उन्हें पागलों तक कह दिया। सहवाग ने अपने टि्वटर अकाउंट एक स्क्रीन शॉट शेयर किया है, जिसमें बताया गया है कि एसएस धोनी (MS Dhoni) और रोहित शर्मा (Rohit Sharma) के फैन्स आपस में भिड़ गए और एक की गन्ने के खेत में ले जाकर पिटाई भी कर दी। सहवाग ने अपने ट्वीट से इन फैन्स को समझाने की कोशिश की है। दरअसल हाल ही में एक खबर सामने आई थी कि कोल्हापुर जिले के कुरुंदवाड़ में धोनी और रोहित के फैन्स के दो गुट आपस में भिड़ गए। इनमें से एक युवक की तो गन्ने के खेत में ले जाकर बुरी तरह से पिटाई कर दी। दरअसल खबरों के मुताबिक इन फैन्स के गुट अपने-अपने हीरो के पोस्ट लेकर जोश में सड़कों पर निकले थे। धोनी के फैन्स उनके संन्यास की खबर के बाद ऐसा कर रहे थे, जबकि रोहित के फैन्स उन्हें राजीव गांधी खेल रत्न पुरस्कार के लिए चुने जाने पर उनकी इस उपलब्धि का जश्न मना रहे थे। इस बीच कुछ अनजान लोगों ने रोहित शर्मा के पोस्टर फाड़ दिए, जिसके बाद दोनों फैन्स आपस में भिड़ गए। वीरेंदर सहवाग ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए इस खबर का स्क्रीनशॉट शेयर कर लिखा, 'क्या करते हो पागलों। आपस में खिलाड़ी भी एक-दूसरे के दीवाने होते हैं और वे ज्यादा बात नहीं करते, काम से काम रखते हैं। लेकिन कुछ फैन्स अलग की स्तर के पगले होते हैं। झगड़ा-झगड़ी मत करो, टीम इंडिया को एक मानकर याद करो।'

धोनी लीक से हटकर, हर बाधा को पार करने में माहिर थे: माइकल होल्डिंग August 22, 2020 at 10:01PM

किंगस्टन वेस्टइंडीज के अपने जमाने के दिग्गज तेज गेंदबाज () ने हाल में संन्यास लेने वाले () को 'लीक से हटकर' खिलाड़ी करार दिया है। होल्डिंग ने कहा कि धोनी ने अपने करियर की शुरुआत से ही विरोधी टीमों को तहस नहस करने में कसर नहीं छोड़ी और फिर हमेशा खुद के खेल पर नियंत्रण बनाए रखा। कप्तान के तौर पर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) की सभी ट्रोफियां जीतने वाले धोनी ने 15 अगस्त को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया। उन्होंने अपना आखिरी मैच एक साल से भी अधिक समय पहले वर्ल्ड कप सेमीफाइनल में न्यूजीलैंड के खिलाफ खेला था। होल्डिंग ने दुनिया भर के अन्य क्रिकेटरों की तरह धोनी की जमकर प्रशंसा की। होल्डिंग ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा, 'धोनी ने जब पहली बार भारत की तरफ से वनडे खेलने शुरू किया तो उनके लंबे बाल हुआ करते थे। वह लीक से हटकर नजर आते थे। वह ऐसे नजर आते हैं, जैसे वह अपने सामने आने वाली हर चीज को तहस नहस करने के लिए आए हैं और उन्होंने काफी हद तक ऐसा किया।' धोनी ने अपने करियर में कई तरह की 'हेयरस्टायल' अपनाए लेकिन अपने करियर के शुरुआती चरण में वह लंबे बाल रखा करते थे, जिनको लेकर काफी चर्चा हुई थी। उन्होंने भारत की तरफ से 2004 में पदार्पण किया था। होल्डिंग ने उनकी लंबे शॉट लगाने की क्षमता की तारीफ करते हुए कहा, 'अपने पूरे करियर के दौरान उन्होंने 229 छक्के (वनडे में) लगाए। जब आप इस संख्या के बारे में सोचते हो तो आप यह भी सोचते हों कि उसने इतने छक्के और चौके लगाने के लिए 40 साल तक क्रिकेट खेली होगी। लेकिन यही उनका स्वभाव है।' उन्होंने कहा, 'जब धोनी ने शुरुआत की थी तो वह बिग हिटर थे और इसलिए उन्होंने इतने अधिक चौके और छक्के लगाए। जब उनके बाल थोड़ा सफेद होने लगे तो उन्होंने इसमें थोड़ा बदलाव किया और उनकी बल्लेबाजी अधिक नियंत्रित हो गई। जिसने भी मैदान पर धोनी को देखा होगा वह जानता था कि वह नियंत्रण में और शांतचित रहते हैं और कभी नियंत्रण से बाहर नहीं जाते।' भारत को T20 वर्ल्ड कप, वनडे वर्ल्ड कप और चैंपियन्स ट्रोफी में जीत दिलाने वाले कप्तान धोनी को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के सर्वश्रेष्ठ कप्तानों में गिना जाता रहा है। होल्डिंग ने कहा, 'वह क्या शानदार कप्तान थे। वह कितने सफल रहे। जब वह कप्तानी कर रहे होते थे तो आपने कभी उन्हें उत्तेजित होते हुए नहीं देखा होगा।' उन्होंने कहा, 'अगर चीजें नियंत्रण से बाहर जा रही हों तो वह अपने खिलाड़ियों को बुलाते थे। उनसे शांतचित होकर बात करते थे और चीजें खुद ही बदल जाती थी। उनका इस तरह का प्रभाव था।' धोनी ने अपने करियर में 90 टेस्ट मैचों में 4,876 रन बनाए तथा 256 कैच लेने के अलावा 38 स्टंप किए। उन्होंने 321 वनडे में 10,773 रन बनाने के अलावा 321 कैच लिए और 123 स्टंप किए। उन्होंने 98 टी20 मैच खेले जिसमें 1617 रन बनाए, 57 कैच लिए और 34 स्टंप किए। उन्होंने टेस्ट मैचों में 6 शतक और वनडे में 10 शतक लगाए। होल्डिंग ने कहा कि यह सराहनीय है कि धोनी ने अपने करियर में लगभग 5000 टेस्ट रन बनाए और विकेटकीपर की अपनी भूमिका के साथ हमेशा न्याय किया। उन्होंने कहा, 'उनका करियर क्या शानदार था। इस खिलाड़ी ने लगभग 5000 टेस्ट रन बनाए, जबकि वह विशुद्ध बल्लेबाज नहीं थे, वह विकेटकीपर थे। इतने लंबे करियर में विकेटकीपर रहते हुए इतनी अच्छी भूमिका निभाना सराहनीय है।'

इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया और सीपीएल में शामिल प्लेयर्स आईपीएल में क्वारैंटाइन से बच सकते हैं, कुछ शर्तों का पालन करना होगा August 22, 2020 at 09:58PM

अगले महीने यूएई में शुरू होने जा रहे आईपीएल 2020 में इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के अलावा वे प्लेयर्स भी खेलेंगे जो इस वक्त सीपीएल में व्यस्त हैं। रूल्स के मुताबिक, इन्हें यूएई पहुंचने के बाद सात दिन क्वारैंटाइन रहना होगा। हालांकि, अगर वे बायो सिक्योर बबल में ही रहते हैं तो इस क्वारैंटाइन पीरिएड से बच सकते हैं।

बीसीसीआई ने क्वारैंटाइन से बचने के लिए सख्त नियम बनाए हैं। अब यह फ्रेंचाइजीस पर निर्भर करता है कि वे अपने प्लेयर्स से इन नियमों का पालन करा पाती हैं या नहीं।

लेकिन, टेस्ट तो होगा ही
अगर ये प्लेयर्स रूल्स को फॉलो करते हैं। यानी बायो सिक्योर बबल से बाहर नहीं निकलते हैं तो वे सीधे अपनी-अपनी टीम से जुड़ सकते हैं। हालांकि, यूएई पहुंचते से ही उनका आरटी-पीसीआर टेस्ट जरूर होगा। इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया और सीपीएल में हिस्सा ले रहे प्लेयर्स होटल से सीधे मैदान पर पहुंच रहे हैं। उन्हें एयरपोर्ट टर्मिनल्स और इमीग्रेशन जैसी दूसरी औपचारिकताओं का भी पालन नहीं करना पड़ रहा।

यूएई में क्या होगा
इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के प्लेयर्स लंदन से दुबई या अबुधाबी और सीपीएल के प्लेयर्स भी त्रिनिडाड से यहीं पहुंचेंगे। इसके लिए चार्टर्ड फ्लाइट्स अरेंज की गई हैं। एयरपोर्ट से सीधे अपने होटल पहुंचेंगे। आईपीएल 2020 में ऑस्ट्रेलिया के 17 और इंग्लैंड के 13 प्लेयर्स हिस्सा लेंगे। इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के बीच इंग्लैंड में 4 से 15 सितंबर तक तीन वनडे और इतने ही टी-20 मैचों की सीरीज खेली जानी है। सीपीएल 10 सितंबर को खत्म होगी। अब तक ये साफ नहीं है कि क्या क्वारैंटाइन जरूरी होने पर इन्हें आईपीएल के कुछ शुरुआती मैच छोड़ने पड़ेंगे। अगर ऐसा होता है तो फ्रेंचाइजीस को नुकसान होगा।

ये बड़े नाम शामिल
स्टीव स्मिथ, डेविन वॉर्नर, बेन स्टोक्स, जोफ्रा आर्चर, कीरोन पोलार्ड, राशिद खान और आंद्रे रसेल का टीम में न होना फ्रेंचाइजीस के लिए शुरुआती ही सही, लेकिन नुकसान होगा। लेकिन, अगर वे बॉयो सिक्योर बबल में रहते हैं तो इससे बच सकते हैं। इस हालत में सिर्फ आरटी-पीसीआर टेस्ट ही होगा। और फिर सीधे प्लेयर टीम से जुड़ सकेंगे।

बीसीसीआई के नोट में क्या
बीसीसीआई ने आईपीएल टीम्स को एक नोट भेजा है। इसमें कहा गया है- इंग्लैड बनाम ऑस्ट्रेलिया और सीपीएल के बाद अगर प्लेयर्स बायो सिक्योर बबल में रहते हैं, टीम बस से सीधे एयरक्राफ्ट तक पहुंचते हैं। और इस दौरान दूसरी औपचारिकताओं से बचते हैं तो उन्हें क्वारैंटाइन नहीं होना पड़ेगा। इस दौरान वे दूसरे लोगों से संपर्क नहीं कर सकेंगे।

टेस्ट निगेटिव होना जरूरी
नोट के मुताबिक, फ्रेंचाइजीस को स्पेशल चार्टर्ड फ्लाइट बुक करनी होंगी। इनके लिए स्पेशल पास अरेंज करने होंगे। ताकि वे एयरक्राफ्ट से सीधे बस के जरिए टीम होटल पहुंच सकें। फिर आरटी-पीसीआर टेस्ट होगा। इसके निगेटिव आना जरूरी है। यात्रा के दौरान भी उन्हें बायो सिक्योर बबल के नियमों का पालन करना होगा। अगर आईपीएल गवर्निंग काउंसिल संतुष्ट नहीं हुई तो प्लेयर्स को 7 दिन क्वारैंटाइन रहना होगा। साथ ही उनके 3 आरटी-पीसीआर टेस्ट भी होंगे।



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राजस्थान रॉयल्स की टीम यूएई पहुंच चुकी है। इस दौरान प्लेयर्स ने बायो सिक्योर बबल के नियमों का पालन किया। इस टीम में ही सबसे ज्यादा प्लेयर्स इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया से हैं। कप्तान स्टीव स्मिथ हैं। इसके अलावा बेन स्टोक्स, जोस बटलर और जोफ्रा आर्चर भी हैं।

धोनी की कप्तानी ने कप्तानों के नजरिए को बदला: लक्ष्मीपति बालाजी August 22, 2020 at 08:44PM

चेन्नै भारत के पूर्व तेज गेंदबाज () ने महेंद्र सिंह धोनी () की तारीफ की है। ने कहा है कि धोनी का प्रभाव सिर्फ भारतीय क्रिकेट पर ही नहीं रहा बल्कि पूरे विश्व क्रिकेट पर रहा। धोनी ने 15 अगस्त को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास की घोषणा कर दी थी। बालाजी ने स्टार स्पोटर्स तमिल के शो पर कहा, 'साल 2000 से मेरे हिसाब से कोई भी धोनी जैसा नहीं रहा, जिसने न सिर्फ भारतीय क्रिकेट पर बल्कि पूरे क्रिकेट पर प्रभाव छोड़ा हो।' उन्होंने कहा, 'मैंने बहुत बुरी मार के बारे में सुना था। ऐसी मार के बारे में कि गेंदबाज और फील्डर अपने हाथ डालने में डरते थे। मैंने पहली बार इसे धोनी के साथ देखा।' उन्होंने कहा, 'अभी भी अगर आखिरी ओवर में 20 रन चाहिए होंगे और मुझे किसी को चुनना होगा तो मैं हमेशा धोनी को चुनूंगा। उनका इतना बड़ा प्रभाव रहा है।' धोनी आईपीएल टीम चेन्नै सुपर किंग्स (CSK) के कप्तान हैं और बालाजी गेंदबाजी सलाहकार हैं। बालाजी ने कहा कि और बल्लेबाजी शैली बिल्कुल अलग है। इस पूर्व तेज गेंदबाज ने कहा, 'धोनी की कप्तानी ने सभी कप्तानों में कप्तानी के नजरिए को बदल दिया। वह मैदान पर जिस तरह से अपनी भावनाओं को काबू करते हैं। टीम माहौला को बनाए रखते हैं, सफलता पूर्वक टीम की कमान संभालते हैं, यह सिर्फ धोनी ही कर सकते हैं।' बालाजी ने संन्यास की घोषणा वाले दिन चेन्नै के अभ्यास सत्र के दौरान धोनी के साथ हुई बातचीत का जिक्र किया। उन्होंने कहा, 'जब अभ्यास खत्म हो गया था, मैं धोनी से अधिकतर विकेट के बारे में बात करता हूं, अभ्यास के बारे में और खेलने की स्थिति के बारे में बात करता हूं। उस दिन मैंने अभ्यास खत्म किया और अंदर गया।' 38 वर्षीय इस पूर्व क्रिकेटर ने कहा, 'मुझे नहीं पता था कि वह 7:29 को अपना संन्यास का ऐलान कर चुके हैं। मैसेज पोस्ट करने के बाद धोनी मेरे पास आए और सामान्य तरीके से कहा कि उन्होंने ग्राउंडसमैन से पिच पर थोड़ा ज्यादा पानी डालने को कहा है। मैंने कहा ठीक है।' बालाजी ने कहा, 'और मुझे पता नहीं चला कि यह मेरी जिंदगी का सबसे बड़ा पल है, लेकिन वह आम माहौल की तरह आगे बढ़ गए और आपके लिए यही धोनी हैं। मुझे बाद में पता चला की उन्होंने संन्यास ले लिया है। मुझे इस बात को पचाने में कुछ समय लगा।' उन्होंने कहा, 'धोनी की खासियत है कि वह किस तरह अपने आप को चीजों से अलग रखते हैं। चाहे स्थिति कैसी भी हो वह कभी रुकते नहीं हैं और अपने स्टाइल में आगे बढ़ते रहते हैं।' धोनी 19 सितंबर से 10 नवंबर के बीच संयुक्त अरब अमीरात में होने वाले आईपीएल के 13वें सीजन में चेन्नै सुपर किंग्स की कप्तानी करेंगे।