Sunday, February 23, 2020

जितेंद्र ने दिया सुशील के ओलिंपिक ड्रीम को झटका February 22, 2020 at 11:53PM

नई दिल्ली एशियाई चैंपियनशिप में 74 किलो भार वर्ग में अपना मेडल पक्का करने वाले पहलवान जितेंद्र ने इस भार वर्ग में कुश्ती का रोमांच और बढ़ा दिया है। भले ही एशियाई चैंपियनशिप में का कोई कोटा नहीं है लेकिन इसके बावजूद जितेंद्र के मेडल से दो बार के ओलिंपिक पदक विजेता सुशील कुमार की तोक्यो जाने की उम्मीदों को झटका लगा है। भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) ने इस चैंपियनशिप की शुरुआत से पहले ही यह साफ कर दिया था कि जो पहलवान इस चैंपियनशिप में पदक जीतेंगे उन्हें ही ओलिंपिक क्वॉलिफाइंग टूर्नमेंट में भेजा जाएगा। इससे पहले इस प्रतियोगिता से पहले हुए ट्रायल्स के आधार पर ही रेसलर्स को ओलिंपिक क्वॉलिफायर ट्रायल्स की भी मान्यता थी लेकिन तब भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) के अध्यक्ष बृज भूषण शरण सिंह ने मेडल नहीं जीतने पर दोबारा ट्रायल्स की बात कही थी। बृज भूषण शरण ने तब कहा था, 'अगर एशियाई चैंपियनशिप में खिलाड़ियों का प्रदर्शन संतोषजनक नहीं रहता है तो एशियाई ओलिंपिक क्वॉलिफायर से पहले दोबारा ट्रायल्स का आयोजन किया जाएगा।' लेकिन अब जब 74 किलो भार वर्ग में जितेंद्र ने मेडल पक्का कर लिया है तो इस कैटिगरी में ओलिंपिक क्वॉलिफाइंग टूर्नमेंट से सुशील कुमार का पत्ता कटता साफ दिख रहा है। इस वेट कैटिगरी में इन दोनों पहलनवानों के बीच टकराव की बातें भी अक्सर सामने आती रहती हैं। जितेंद्र के अलावा आज हुए मुकाबलों में राहुल अवारे (61 kg) और दीपक पुनिया (92 kg) को सेमीफाइनल में जबकि सोमवीर (86 kg) को पहले ही राउंड में हार मिली हार। इसके अलावा सतेंद्र (125 kg) दूसरे राउंड में हारकर बाहर हुए।

यशस्वी की सेंचुरी, 'जूनियर' तेंडुलकर फ्लॉप February 22, 2020 at 11:03PM

मुंबई मुंबई के युवा बल्लेबाज के बल्ले का जौहर अंडर-19 वर्ल्ड कप में सबने देखा। यह बल्लेबाज इस टूर्नमेंट में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज रहे। फाइनल में भारत को भले ही हार का सामना करना पड़ा हो लेकिन इस खिलाड़ी ने 88 रन बनाकर खेलकर भारतीय पारी को संभाले रखा था। यह युवा खिलाड़ी अब वर्ल्ड कप के बाद सीके नायडू अंडर-23 टूर्नमेंट में खेल रहा है। मुंबई और पांडिचेरी के बीच वानखेड़े स्टेडियम पर खेले जा रहे मुकाबले में उन्होंने शानदार शतक लगाया है। वह अभी 211 गेंदों पर 171 रन बनाकर बल्लेबाजी कर रहे हैं। वहीं कप्तान और विकेटकीपर हार्दिक जितेंद्र तमोरे 83 रनों पर खेल रहे हैं। मुंबई ने दो विकेट के नुकसान पर 334 रन बना लिए हैं। वह पांडिचेरी पर 115 रन की बढ़त बना चुकी है। मुंबई के कप्तान तमोरे ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। पहली पारी में आकाश करगावे के अलावा कोई दूसरा बल्लेबाज विकेट पर टिक नहीं पाया। आकाश ने 50 रन बनाए। मुंबई की ओर से मिलिंद मांजरेकर ने 15.5 ओवर में 41 रन देकर पांच विकेट लिए। पद्दुचेरी की पहली पारी 209 रनों पर सिमट गई। मुंबई की ओर से अमन हाकिम खान ने 52 गेंद पर 64 रन की पारी खेली। वहीं तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करने आए सिर्फ 6 रन बनाकर आउट हुए। तेंडुलकर ने 45 गेंद का सामना किया। अर्जुन गेंदबाजी में भी कुछ खास कमाल नहीं कर पाए थे और उन्होंने एक ही विकेट लिया था। हालांकि मैच की दूसरी पारी अभी बाकी है और टूर्नमेंट काफी लंबा है तो देखते हैं कि वह आगे कैसा प्रदर्शन करते हैं।

T20 WC: बांग्लादेश से टीम इंडिया की भिड़ंत February 22, 2020 at 09:50PM

पर्थ मौजूदा चैंपियन ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ प्रभावशाली जीत के बाद आत्मविश्वास से ओतप्रोत भारत आईसीसी महिला टी20 वर्ल्ड कप में सोमवार को यहां अपने दूसरे ग्रुप मैच में बांग्लादेश से भिड़ेगा। बांग्लादेश के खिलाफ उसका लक्ष्य अपना विजय अभियान जारी रखना होगा। लेग स्पिनर के जादुई स्पेल की बदौलत भारत ने शुक्रवार को टूर्नमेंट के शुरुआती मैच में ऑस्ट्रेलिया को 17 रन से हराकर हैरान कर दिया। ऑस्ट्रेलिया जैसी मजबूत टीम को हराने के बावजूद की अगुवाई वाली टीम बांग्लादेश को हल्के से नहीं ले सकती। भारतीय टीम को यह अहसास बखूबी होगा कि उसे अपने इस प्रतिद्वंद्वी से 2018 में टी20 एशिया कप में दो बार हार झेलनी पड़ी थी। जेमिमा रोड्रिग्स और पहले मैच में 15 गेंदों पर 29 रन बनाने वालीं 16 वर्षीय सलामी बल्लेबाज शेफाली वर्मा एशिया कप टीम का हिस्सा नहीं थीं। लेकिन अगर भारत को बांग्लादेश को हराना है तो शीर्ष क्रम में इन दोनों की भूमिका अहम होगी। इन दोनों टीमों के बीच पिछले पांच मैचों में भारत ने तीन और बांग्लादेश ने दो मैच जीते हैं। भारत अगर सोमवार को जीत दर्ज कर लेता है तो वह पांच टीमों के ग्रुप में नॉकआउट के करीब भी पहुंच जाएगा। भारत को हालांकि अपनी बल्लेबाजी में सुधार करना होगा क्योंकि ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ उसकी बल्लेबाज अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पाई थीं और टीम इंडिया सिर्फ 132 रन ही बना पाई। वर्ल्ड कप से पहले त्रिकोणीय सीरीज से ही भारतीय बल्लेबाज नियमित अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाईर हैं। वह लगातार बड़ा स्कोर खड़ा कर पाने में संघर्ष करती दिख रही हैं। अगर पूनम ने 19 रन देकर 4 विकेट नहीं लिए होते तो ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ भी भारत की स्थिति नाजुक बनी हुई थी। त्रिकोणीय सीरीज में अच्छा प्रदर्शन करने वाली हरमनप्रीत और सलामी बल्लेबाज स्मृति मंधाना पिछले मैच खास योगदान नहीं दे पाई थीं। टीम को इन दोनों से बड़ी पारियों की उम्मीद है। दीप्ति शर्मा ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 46 गेंदों पर 49 रन बनाए और वह अपनी इस फॉर्म को बरकरार रखने की कोशिश करेंगी। मध्यम गति की गेंदबाज शिखा पांडे ने भी ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अच्छा प्रदर्शन किया था और हरमनप्रीत को खुशी है कि अब उनकी टीम एक दो खिलाड़ियों पर निर्भर नहीं है। उन्होंने कहा, 'हमारी टीम अच्छा प्रदर्शन कर रही है। पहले हम एक दो खिलाड़ियों पर निर्भर रहते थे लेकिन अब ऐसा नहीं है।' जहां तक बांग्लादेश की बात है तो उसका दारोमदार ऑलराउंडर जहांनारा आलम और शीर्ष क्रम की बल्लेबाज फरगाना हक पर टिका रहेगा। 26 वर्षीय हक के नाम पर टी20 अंतरराष्ट्रीय में शतक भी दर्ज है। बांग्लादेश की सबसे अनुभवी खिलाड़ी कप्तान सलमा खातून भी बल्ले और गेंद से योगदान दे सकती हैं। ग्रुप ए के एक अन्य मैच में ऑस्ट्रेलिया का सामना श्रीलंका से होगा। इन दोनों टीमों को इस वर्ल्ड कप टूर्नमेंट में अभी तक अपनी पहली डीत का इंतजार है। श्रीलंका को शनिवार को न्यूजीलैंड ने 7 विकेट से हराया था। टीमें इस प्रकार हैं:- भारत: हरमनप्रीत कौर (कप्तान), स्मृति मंधाना, जेमिमा रोड्रिग्स, दीप्ति शर्मा, शेफाली वर्मा, पूनम यादव, राधा यादव, तानिया भाटिया (विकेटकीपर), हरलीन देओल, राजेश्वरी गायकवाड़, ऋचा घोष, वेदा कृष्णमूर्ति, शिखा पांडे, अरुणधति रेड्डी, पूजा वस्त्राकर। बांग्लादेश: सलमा खातून (कप्तान), रूमाना अहमद, आयशा रहमान, फहीमा खातून, फरगना हक, जहानारा आलम, ख़दीजा तुल कुबरा, सोभना मोस्तरी, मुर्शीदा खातुन, नाहिदा अख्तर, निगार सुल्ताना (विकेटकीपर), पन्ना घोष, ऋतु मोनी, संजीदा इस्लाम, शमीमा सुल्ताना

...तो हम सदी की सर्वश्रेष्ठ टीमों में होंगे शामिल: शास्त्री February 22, 2020 at 09:29PM

अक्षय सवई, नई दिल्ली भारतीय क्रिकेट टीम न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट मैच में भले ही संघर्ष कर रही हो लेकिन आईसीसी में वह पहले पायदान पर है। टीम के कोच भी मानते हैं कि टेस्ट चैंपियनशिप जीतना एक बहुत बड़ी उपलब्धि होगी। शास्त्री मानते हैं कि यह एक शानदार टीम है बस आईसीसी ट्रोफी न जीत पाना इसकी एक कमी है। टीम ने न्यूजीलैंड से दो टेस्ट मैचों की सीरीज के बाद तीन वनडे इंटरनैशनल मैचों की सीरीज के लिए साउथ अफ्रीका की मेजबानी करनी है। फिर आईसीसी वर्ल्ड कप में खेलना है। विराट कोहली की टीम के पास कई उपबल्धियां हैं लेकिन टीम के शेल्फ में आईसीसी ट्रोफी की कमी फैंस को भी खलती होगी। शास्त्री ने कहा, 'अगर इस टीम के पास किसी चीज की कमही है तो वह आईसीसी खिताब जीतना है।' कोच ने कहा, 'हमारे पास इसे हासिल करने के तीन मौके हैं। आईसीसी टेस्ट चैंपियनशिप और दो टी20 वर्ल्ड कप (2020-2021)। अगर टीम ऐसा कर पाती है तो इसकी गिनती सेंचुरी की सर्वश्रेष्ठ टीमों में होगी। इसकी तुलना 1980 के दशक की वेस्ट इंडीज और नई सदी की ऑस्ट्रेलिया से की जाएगी। ऐसी टीम जिसने हर जगह का दौरा किया, हर जगह जीत हासिल की और फिर सबसे बड़ी ट्रोफी भी हासिल की।' पुरानी पीढ़ी के लिए रवि शास्त्री चैंपियन ऑफ चैंपियंस है। मौजूदा पीढ़ी के लिए 57 वर्षीय यह पूर्व खिलाड़ी मीम के परफेक्ट मसाला है। लेकिन टीम इंडिया के पूर्व ऑलराउंडर का व्यक्तित्व इससे कहीं आगे है। लेकिन मीम बनाने वाले कई बार तथ्यों को नजरअंदाज कर सकते हैं। लेकिन शास्त्री का जीवन का मंत्र स्पष्ट है- 'जीटीयू- गिरे भी तो टांग ऊपर'। उन्होंने वेस्ट इंडीज, ऑस्ट्रेलिया और पाकिस्तान जैसी क्वॉलिटी बोलिंग के आगे सेंचुरी लगाई। 1985 की वर्ल्ड चैंपियनशिप में भारत की जीत में अहम भूमिका अदा की। बाएं हाथ की स्पिन गेंदबाजी से 280 अंतरराष्ट्रीय विकेट लिए। और अब बेशक कोहली बॉस हैं लेकिन अगले साल के अंत तक टीम इंडिया के सफर में शास्त्री की अहम भूमिका होगी। अपनी स्ट्रैंथ पर खेलो शास्त्री की फिलॉसफी साफ है- आप अपनी मजबूती पर काम करो न कि विपक्षी टीम की ताकत पर है। शास्त्री ने कहा, 'कई टीमें विपक्षी टीम की ताकत पर सोचती रहती हैं। मैंने पहले भी कई टीमें देखी हैं जो सामने वाली टीम को अपनी सोच पर हावी होने देती थीं।' उन्होंने कहा, 'टीमें सोचती थीं, ओह, इसका नाम माइकल होल्डिंग है, इनका नाम इमरान खान है। हम जानते हैं कि वे महान खिलाड़ी हैं। लेकिन आपको अपनी क्षमताओं पर यकीन करना चाहिए और उनका सामना करना चाहिए।'